दिल्ली में लाल किला के पास हुए धमाकें की प्लानिंग के बुधवार को दो जरूरी खुलासे सामने आए है | दिल्ली को दहलाने की तैयारी जनवरी से बनाई जा रही थी | गिरफ्तार आरोपियों के मोबाइल डंप डेटा से पता चला कि फ़रीदाबाद की अलफलाह यूनिवर्सिटी से गिरफ्तार असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. मुजम्मिल गनई और धमाके में संदिग्ध रूप से मारे गए डॉ. उमर नबी ने जनवरी में कई बार लाल किले की रेकी की थी | दोनों ने वहां सुरक्षा और भीड़ का पैटर्न समझा था | पुलिस को शक है कि आतंकियों की प्लानिंग 26 जनवरी पर लाल किले पर हमले की थी , जो तब नाकाम हो गई |
दिल्ली में नबी 6 दिसंबर को हमला करना चाहता था , लेकिन मुजम्मिल की गिरफ्तारी से प्लान गड़बड़ हो गया | यह बात आरोपियों से पूछताछ में सामने आई हैं | इस अंतरराज्यीय मॉड्यूल का केंद्र फरीदाबाद में था | गिरफ्तार आतंकियों में 6 डॉक्टर हैं | श्रीनगर का रहने वाला एक अन्य संदिग्ध डॉ. निसार फरार है | वह डॉक्टर्स एसोसिएशन ऑफ कश्मीर का अध्यक्ष भी है , अलफलाह में पढ़ा रहा था | जम्मू – कश्मीर सरकार ने डॉ. निसार को अपदस्त कर दिया है |
दिल्ली ब्लास्ट केस में पुलिस को डॉ. नबी की एक लाल रंग की ईको स्पोटर्स कार की खबर लगी | इसे ढूंढने में 5 टीमों को करीब 10 घंटे लग गए | बाद में कार फ़रीदाबाद के पास खंडावली गांव में खड़ी मिली |
ब्लास्ट केस से जुड़े लोगों को पकड़ने के लिए जम्मू – कश्मीर , हरियाणा और यूपी में 500 से अधिक जगह पुलिस और एटीएस ने छापे मारे | जम्मू – कश्मीर में प्रतिबंधित संगठन जमात – ए – इस्लामी से जुड़े 10 जिलों के करीब 400 से ज्यादा ठिकानों पर छापे पड़े | छापों का मकसद ऐसे दस्तावेज , डिजिटल डिवाइस और अन्य सबूत जुटाना था , जो आतंक से जुड़े हों |
जम्मू – कश्मीर पुलिस ने श्रीनगर में पदस्थ डॉ. तजामुल को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया | वहीं , हरियाणा के मेवात से मौलवी इश्तियाक को गिरफ्तार किया गया | मुख्य आरोपी पुलवामा के डॉ. मुजम्मिल और डॉ. उमर नबी 2021 से तुर्किए जा रहे थे | दोनों के पासपोर्ट में तुर्किए के स्टाम्प मिले हैं | जनवरी 2025 में दोनों ने शैक्षणिक व पेशेवर यात्राएं कीं |
तीन दिन पहले गुजरात में पकड़े गए तीनों आतंकियों ने राजस्थान के हनुमानगढ़ से गुजरात के बीच शराब तस्करी के रास्ते हथियार भेजे थे | एटीएस हनुमानगढ़ में वह स्लीपर सेल तलाश रही है जो पाकिस्तानी ड्रोन से गिराए गए हथियारों को डिलीवरी करते थे | पूछताछ में पता चला कि तीनों आतंकियों को अहमदाबाद में कोलोल क्षेत्र के पास हथियार सप्लाई की गई थी | अब हनुमानगढ़ से अहमदाबाद तक हथियार डिलीवरी किस तरह हुई इसकी पड़ताल की जा रही है | गुजरात एटीएस ने आतंकी अहमद मोहियुद्दीन सुलेमान शेख और मोहम्म्द सुहैल को आतंकी साजिश के आरोप में गिरफ्तार किया था | तीनों के पास से तीन पिस्टल व भारी मात्र में कारतूस मिले थे | पूछताछ में तीनों तीनों ने बताया कि राजस्थान स्थित पाक सीमा से हथियार भेजे थे |
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